नाबालिगों के हाथ वयस्कों की जीवन यात्रा , धड़ल्ले से दौड़ा रहे हैं ई रिक्शा



रिपोर्ट - विरेन्द्र कुमार बिन्दु 

प्रयागराज :-   आपका जीवन कितना अमूल्य है  इसको हर व्यक्ति बखूबी जनता समझता हैं मगर फिर भी दैनिक दिन चर्या में अपना जीवन जाने अनजाने में दाव पर लगा देना पड़ता है। इन दिनों क्षेत्र के  हर गली चौराहे पर ई रिक्शा  सुगमता से मिल जाएगा मगर इसे चलाने वाले अधिकतर नाबालिग एवं कम उम्र के बिना लाइसेंस प्रशिक्षण के ही सड़को पर फर्राटे भरते हुए नजर आएंगे। ई रिक्शे में मानक से ज्यादा सवारियों को बैठना ओर बिना किसी रोक टोक के अड़ा तिरछा खड़ा करना इनकी आदत बन गई है मगर प्रशासन इन पर कोई ठोस कार्यवाही नहीं करता दिख रहा है। कई बार इन्हीं कारण से दुर्घटनाओं में  वयस्कों को अपनी जान गंवानी पड़ी है  मगर जीवन अनमोल होने पर भी व्यक्ति इस जीवन की डोर नाबालिग  ई रिक्शा चालकों के हाथों में देने को मजबूर  है ।

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